दिल दम भर रहा है,
फिर इश्क़ कर रहा है।
वो नज़दीक आ रही है,
फ़ासला कम हो रहा है।
अतीत था जो,
अब रक़ीब हो रहा है।
खेल वही है ज़िंदगी का,
फिर खेला जा रहा है।
वो नज़दीक आ रही है,
फ़ासला कम हो रहा है।
Rohit🖋️
दिल दम भर रहा है,
फिर इश्क़ कर रहा है।
वो नज़दीक आ रही है,
फ़ासला कम हो रहा है।
अतीत था जो,
अब रक़ीब हो रहा है।
खेल वही है ज़िंदगी का,
फिर खेला जा रहा है।
वो नज़दीक आ रही है,
फ़ासला कम हो रहा है।
Rohit🖋️